
Summary
अरुन की मां सुमन देवी ने 8 जून को खुशी की मां ममता शर्मा और उसके दो मामा आशीश और अवनीश के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। परिवार ने आरोप लगाया कि अरुन को योजनाबद्ध तरीके से खुशी के मामा ने फोन करके बुलाया और फिर पेट्रोल छिड़कर आग लगा दी।
“अरुन को योजनाबद्ध तरीके से खुशी के मामा ने फोन करके बुलाया और फिर पेट्रोल छिड़कर आग लगा दी।”From the report
कर दो कि अ अजय को कि यह कहानी है एक ऐसे दंपती की जो बीते लेड़ महीने से इनसाफ के लिए दर दर भटक रहा है। बीते महीने 9 जून को इन्होंने अपने एक इकलोते बेटे अरुन को खो दिया। घटना का बैकग्राउंड और नेचर तो टॉर्चर और मडर की तरफ इशारा करता है, मगर पुलिस अपनी जांच में इसे आत्महत्या बताती है। इस घटना में सिर्फ अरुन नहीं बल्कि उनकी प्रेमी का खुशी शर्मा की भी मौत हो गए। अरुन का परिवार इस हत्या का आरोप खुशी के परिवार पर लगा रहा है। यानि की ओनर किलिंग का आरोप। पांच जून को शिकुहाबाद के गढ़या मुहले के घर से अरुन और खुशी को दरवाजा तोड़ कर निकाला गया जब दरवाजा तोड़ा गया तो दृश्य विचलित कर देने वाली थी दोनों बर निंजरी से तड़प रहे थे पुलिस का कहना है कि दोनों ने खुद को आग लगा कर आत्महत्या करने की कोशिश की मगर अरुन के परिवार को पुलिस के इस थिवरी पर बिलकुल भरूसा नहीं है वो कहते हैं कि पहले उनके बेटे को टॉर्चर किया गया और उसके बाद खुशी और अरुन दोनों को पेट्रोल छिड़कर जला दिया गया धर्मपाल सिंग और उनकी पत्नी सुमन देवी फिरोजाबाद के मुहम्मद पुरहिर गाउं के रहने वाले हैं उनके बेटे का फेयर पास कही एक मुहले की लड़की खुशी से था। अरुन दलित और खुशी ब्रामन परिवार से थी। इस बात को लेकर अक्सर दोनों परिवार के बीज तनाव बढ़ता रहता था। खुशी के परिवार ने अरुन पर अपहरन का भी केज दर्ज कराया था। नाबर कुछ बात कर रहा था बराबर बात करी बेटा नंबर बताओ नंबर बताओ फिर देड़ बजे फॉन आ गयार कि माली ले गई तब अंबुलेंस मायन नंबर दाव तब बात करिए तब बिने भर लेंबुलेंस नौट है कि ऐसे तुम्हारा बच्चा यारन लड़का फिर मैंने छुट्टी नहीं कर रहा हूं डक्टर साओ मैंने कह रहा है छुट्टी नहीं की देंगे मैं पुलिस बहुत दी पर मैंने दूसरी जगह कहीं से फोन आन करवा कर तब बगी बस से जट्टी करवाई फिर मैंने ओमेगा आस्पीट ले वै मा पे लाज करवाया मैं आराम नमा फिल्में लेगा मा पे एक फोड़े जन कौन सा फोड़े और तीसरी बात उम्मेगाए थोप टाप है आगराम माय लाइक कराओ महीं वक्त हुई बच्चा की अरुन की मां सुमन देवी ने 8 जून को खुशी की मां ममता शर्मा और उसके दो मामा आशीश और अवनीश के लाफ मुकदमा दर्ज कराया परिवार ने आरोप लगाया कि अरुन को योजना बदतरीके से खुशी के मामा ने फोन करके बुलाया उसे टॉर्चर किया और फिर पेट्रोल छिड़कर आग लगा दी फर मेरा बच्चा रहता था नोएडा तो उसके मामा है दो आशिस और पुछ लड़की से फोन करवाया तो बच्चा को मिले बच्चा को वहां पर जागे बच्चा चला गया ठीक है तो रात में बच्चों की लड़का लड़की भी मार लड़का को बढ़ा रहा कमरा बंद कर पहले तो मार दी है लड़का लड़की दोनों में उसके बाद हिट होता है खाने बना रहे निलवेंट वाला खाना मनाते हैं उसी बे रखकर गुण जाए बच्चे का मेरा जिसका का ना खतम कर दिया यह कर दिया यहां से लेकर सब यहां तक जा गई था असिपैंसर ने मेरा बच्चा लाइक आप रहा था इंटर पर रखें उसके अंदर दो मामा थे आशीस और अमनीस और पांच चन्नी लोग थे मैंने अपने बेटा से पूछा में बेटा क्या मगर पुलिस अपनी जाच में इसे पूरी तरह से रूल आउट कर देती है। ताला तो नहीं है कि आप किस तरीके से जाना है ना बचाता था आप वह लगा दिए तो उनको लगा दिए करेंट भी लगाया है पुलिस पर मुझे एक इंच वरोसा नहीं है तादी सही बात है। अब इतनी जूटी अन्यान और तहरा जा दुनिया अच्छा चार के लाभ कच्छों ना गरीवत तो पैसा भाई लेको सब पुलिस पुलिस करें दे ले सीओ करें दे वकील घर दे जजक सब कच्छों करें दे गरीव आदमी करें दे ले वह तांब बताओ ये अरुन की मेडिकल रिपोर्ट है इसमें सीधे तोर पर लिखा हुआ है कि दोनों हाथों में उनकी पट्टी बंद हुई थी वहाँ का निशान मिले और उसके बाद हाथ पे पैर पे कई जगों पे चोट के निशान थी अगर यह मामला आत्महत्यागा है तो फिर इंसान खुद को चोट कैसे पहुचा सकता है इस घटना से कुछ दिनों पहले ही खुशी के मामा ने अरुन को जान से मारने की धमकी दी थी इस आधार पर पुलिस ने उसके मामा पर धमकी का केस दरच कर जेल भेज दिया पुलिस ने अपनी जांच में पाया कि अरुन की मौत से खुशी के मामा का कोई लेना दिना नहीं है तो यह देखिए यह लेटर है पुलिस अधिक्षक जनपद फिरूजाबाद को इस घटना के 10 दिन पहले यह लेटर इन्होंने लिखा था कि इन्हें जान से मारने की धंकी दी गई है इन्होंने सुरक्षा की अपील की थी इन्होंने सोचा कि अगर ये SP को लेटर लिख देते हैं तो कम से कम बैकफूट पे चले जाएंगे जो इनको धंकी देने वाले लोग हैं इस आउडियो के वाइरल होने के बाद पुलिस अरुन के पिता को लगातार नोटिस भेज रही है कि वो अरुन का फोन जाच में सहयोग के लिए जमा कर दें सर मुझे कुछ नहीं आए नहीं मिला मैं साने बे जाता हूँ साने में कोई सुनना सीयो साब मुझे और धमका मुंह बच्चे का मोबाइल मुझे दीते तुम्हारे पास बड़े बच्चे का ज्ञान्य वाल बच्चे के पास था जब बच्चा तुम ने वहां पर पखड़ा तो मोबाइल कर देगा उए मुझे मिला तो मैं पर बच्चे को नहीं बचा लेता मेरे यहां पर 2 सब्सक्राइब कर दें कर रहे हैं ऐशा शीघरा दर दोस्तों यह रही सकते हैं युवी कहते सब्सक्राइब कर दो है लड़का-लड़की मोहले बालों ने पहले ही निकालनी है और एक गुल इस गिट में मतलब दूसरे में लड़का-लड़की वाला के कियों में तो रखा रहा था फिर प्रशासन आया बाद महत्व प्रशासन दूसरी के और ठीक तरफ प्रशासन तो जाला है ना नाई कि नैसते पास हफ्ता मामा निप्लोट टूट के पीसाव दाओ गरीवादमी अब पर कुछ नहीं करेंगे में सभाजव लेंगे जो रहेंगे सुविध्य में कोन बेचेगा चला पुलिस वालों दे दें पर जोपड़ी में थोड़ा रहेंगे जो जमान में बच्ची हैं बच्ची को लेकर का रोड पर रहेंगे क्या हुं इसलिए पुलिस उनकी सुनना है पैसा भाई का जमान बगरी बाद नहीं कोई जमान गरीब बन तो कुट्टा के जिंदगी जी परिवार पर दुखों का पहार टूट पड़ा है ने दोस्तों पर पहले लड़की भी लड़की के लिए काम करते थे।